नयी दिल्ली। देशभर में एक बार फिर महंगाई का बड़ा झटका लगा है। पेट्रोल और डीजल की कीमतों में करीब ₹3 प्रति लीटर तक की बढ़ोतरी कर दी गई है, जिससे आम लोगों की जेब पर सीधा असर पड़ेगा। यह वृद्धि लगभग चार साल बाद की गई है, जब तेल कंपनियों ने बढ़ती लागत के दबाव के चलते कीमतों में इजाफा किया।
नई दरों के अनुसार कई शहरों में पेट्रोल और डीजल के दाम में 3 से 3.14 रुपये तक की बढ़ोतरी देखी गई है। अलग-अलग राज्यों में टैक्स के कारण कीमतों में मामूली अंतर जरूर है, लेकिन असर पूरे देश में समान रूप से पड़ा है।
बताया जा रहा है कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में तेजी इस बढ़ोतरी की मुख्य वजह है। पश्चिम एशिया में जारी तनाव और होर्मुज जलडमरूमध्य के आसपास हालात बिगड़ने से सप्लाई पर असर पड़ा है, जिससे वैश्विक स्तर पर तेल महंगा हुआ है।
इस फैसले का सीधा असर आम लोगों के दैनिक खर्च पर पड़ेगा। परिवहन महंगा होने से खाद्य पदार्थों, सब्जियों और अन्य जरूरी वस्तुओं के दाम भी बढ़ने की संभावना है। विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले समय में महंगाई और बढ़ सकती है।
सरकारी तेल कंपनियां लंबे समय से बढ़ती लागत के बावजूद कीमतों को स्थिर बनाए हुए थीं, लेकिन अब बढ़ते घाटे के कारण यह कदम उठाना आवश्यक हो गया।
कुल मिलाकर, ईंधन कीमतों में इस बढ़ोतरी ने आम आदमी के बजट को प्रभावित किया है और आने वाले दिनों में इसका असर बाजार में व्यापक रूप से देखने को मिल सकता है।

